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अमरेन्द्र सिंह “ठोकेंगे” सिद्धू को

Publsihed: 22.Sep.2021, 22:35

अजय सेतिय/ मीडिया में एक तबका है जो कांग्रेस के हर कदम को तुरुप का पत्ता बताते रहते हैं | जब 2009 और फिर 2014 के चुनाव में राहुल गांधी फेल साबित हुए | तो उन्होंने प्रियंका गांधी को तुरुप का पत्ता बताना शुरू कर दिया था | 2019 के चुनाव में सक्रिय रूप से उभरने के बाद जब वह अपने भाई राहुल गांधी की अमेठी सीट भी नहीं बचा पाई | तो भक्त मीडिया ने कांग्रेस की छोटी छोटी बातों को तुरुप का पत्ता लिखना शुरू किया | अब पंजाब में अमरेन्द्र सिंह को हटा कर चरण जीत सिंह चन्नी को सीएम बनाने को तुरुप का पत्ता बता रहे हैं | जबकि यही बात उन्होंने तब नहीं कही और लिखी जब भाजपा ने कर्नाटक में लिंगायत येदुयुरप्प

हारे हुए नेता से उम्मीद क्यों ajaysetia 22.Sep.2021, 07:47

अजय सेतिया /अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन बड़े कन्फयूजिंग सिग्नल दे रहे हैं | एक तरफ उन्होंने चीन की आक्रामकता को लगाम लगाने के लिए आस्‍ट्रेलिया के साथ परमाणु पनडुब्‍बी और टामहाक मिसाइलों का ऐतिहासिक आकस समझौता किया है | जिससे दक्षिण चीन सागर और हिंद प्रशांत क्षेत्र में चीन की दादागीरी पर अंकुश लगेगा | तो दूसरी तरह मंगलवार को उन्होंने संयुक्त राष्ट्र महासभा में कहा कि अमेरिका चीन के साथ "नया शीत युद्ध" नहीं चाहता | चीन के साथ टकराव टालने के संकेत उस समय भी मिले थे जब दो दिन पहले उन्होंने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से फोन पर बात की थी | उसी संकेत को आगे बढाते हुए जोई बिडेन

तालिबान के तीन यार पाक,चीन और रुस ajaysetia 18.Sep.2021, 07:27

अजय सेतिया / जैसी की उम्मींद थी अफगानिस्तान को लेकर भारत और चीनआमने सामने आ गए | तजाकिस्तान की राजधानी दुशान्बे में हुईशंघाई सहयोग संगठन की बैठक में जहां चीन ने कहा कि वह सदस्य राज्यों के साथ मिल कर तालिबान नियंत्रित युद्धग्रस्त देश में एक खुला और समावेशी राजनीतिक ढांचा बनाने के लिए कामकरेगा | वहीं भारत ने इस बैठक में क्षेत्र की सुरक्षा के लिएचरमपंथ और कट्टरपंथ की चुनौतियों से नि

क्या कांफ्रेंस से हिन्दुत्व डिस्मैंटल हुआ या होगा ajaysetia 17.Sep.2021, 13:20

अजय सेतिया  /  पिछले एक महीने में ‘डिस्मैंटलिंग ग्लोबल हिन्दुत्वा’ कांफ्रेंस की बहुत चर्चा रही , जो 10 से 12 सितंबर तक कथित तौर 50 अमेरिकी विश्वविद्यालयों के प्रयोजन से हुई थी | कांफ्रेंस की पहली विचित्र बात यह थी कि जाहिर तौर पर आयोजकों के नाम गायब थे | जब अमेरिका और कनाडा से ले कर यूरोपियन देशों तक के हिन्दू विरोध में सडकों पर उतरे तो भारत में भी विरोध के स्वर उभरे | आम तौर पर भारतीय हिन्दू ऐसी घटनाओं को ज्यादा अहमियत नहीं देता | हिन्दुओं को पता है कि हिन्दू विरोधी ताकतें सनातन हिन्दू धर्म का कुछ नहीं बिगाड़ सकतीं | हिन्दुओं की इस मानसिकता की झलक ज

आज दुशांबे में पकेगी चीन-पाक खिचडी ajaysetia 17.Sep.2021, 08:29

अजय सेतिया / अपन पाकिस्तान, चीन और अफगानिस्तान की पक रही भारत विरोधी खिचडी पर लिखते रहे हैं | अपनी आशंका कि पाक और चीन मिल कर तालिबान को कश्मीर की तरफ धकेलना चाहते हैं | वे बारास्ता तालिबान तहरीक-ए-तालिबान-पाकिस्तान और हक्कानी नेटवर्क को भी इस्लाम के नाम पर कश्मीर में धकेलना चाहते हैं | लेह-लद्दाख को केंद्र शासित क्षेत्र बना दिए जाने के बाद चीन की बेचैनी अपन पूर्वी लद्दाख में देख चुके हैं | पूर्वी लद्दाख में तनाव भले ही कम हो गया हो, लेकिन चीन भारत से लगने वाली अपनी सीमा के नजदीक आधारभूत ढांचे के विकास की गति तेज किए हुए है | ऐसा बीते अगस्त महीने में सेटेलाइट की तस्वीर

भारत को इसलिए करनी चाहिए टीटीपी की मदद  ajaysetia 13.Sep.2021, 09:06

अजय सेतिया  / जब से अफगानिस्तान में तालिबान का कब्जा हुआ है , पाकिस्तान की अपनीतालिबान “तहरीक-ए-तालिबान “ यानि (टीटीपी) की खूब चर्चा हो रही है | टीटीपी कोई बहुत पुराना संगठन नहीं है , इस लिए ज्यादातर भारतीय उस केबारे में नहीं जानते | जैसे बलूचिस्तान को पाकिस्तान से आज़ाद करवाने केलिए बलूची&

अफ़ग़ानिस्तान की यह सरकार पाक की कठपुतली ajaysetia 08.Sep.2021, 00:46

अजय सेतिया / अफ़ग़ानिस्तान में नई सरकार का गठन हो गया है । सरकार में 33 मंत्री हैं , जैसी की उम्मीद थी एक भी महिला मंत्री नहीं है । अलबत्ता मंगलवार को जब सरकार बन रही थी महिलाओं पर लाठीचार्ज हो रहा था क्योंकि वे अफ़ग़ानिस्तान में पाकिस्तानी हस्तक्षेप के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रहीं थी । तालिबान के नेताओं में मतभेद थे , जिन्हें दूर करने आईएसआई चीफ़ हनीफ़ अफ़ग़ानिस्तान गए थे । वह हक्कानी नेटवर्क को सरकार में शामिल करवाने में कामयाब रहे । तालिबानी मंत्रियों में ज़्यादातर हाल ही के सालों ख़ूँख़ार आतंकी थे । कुछ तो अभी भी अमेरिका की ओर से घोषित आतंकी हैं । अमेरिका 20 साल पहले अल क़ायदा को तबाह

यूएन रूपी भैंस के आगे बीन बजाना ajaysetia 07.Sep.2021, 07:38

अजय सेतिया / अफगानिस्तान में तालिबान सरकार का गठन इस लिए नहीं हो पा रहा , क्योंकि तालिबान का एक ग्रुप पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई और दो बार के राष्‍ट्रपति पद के उम्‍मीदवार अब्‍दुल्‍ला अब्‍दुल्‍ला जैसेनेताओं को सरकार में शामिल करवाना चाहता है | जहां तालिबान के सैन्‍य कमांडर इसके खिलाफ बताए गए हैं, वहीं दोहा में मौजूद ग्रुप इसके पक्ष में है | तालिबान प्रमुख अखुंदाजादा औरहक्‍कानी ग्रुप मुल्ला बरादर को सरकार में इतना ताकतव

न्यूज़ीलैंड से आतंकवाद की नई शुरुआत ajaysetia 04.Sep.2021, 09:37

अजय सेतिया / अफगानिस्तान में तालिबान की सरकार बनने के बाद पूरी दुनिया के इस्लामिक कट्टरपंथियों के हौंसले बुलंद हो गए हैं | ताज़ा घटना न्यूजीलैंड की है, जहां तीन सितंबर को सुबह आईएस आईएस के एक आतंकवादी ने एक माल में घुस कर छुरे से छह लोगों को गंभीर रूप से जख्मी कर दिया , जिन में से एक की मौत हो गई और दो मौत से जूझ रहे हैं | जब न्यूजीलेंड जैसे यूरोप के दूर दराज देश में मुस्लिम कट्टरपंथियों के होंसले बुलंद हो चुके हैं तो अंदाजा लगाया जा सकता है कि एशियाई देशों में आंतकवादी आने वाले दिनों में कैसा कहर बरपाएंगे | न्यूजीलैंड की घटना से पूरे यूरोप में मुस्लिम कट्टरपंथियों की ओर से आतंकवादी वा

कबूतर की आँख और बिल्ली का ख़तरा ajaysetia 31.Aug.2021, 08:55

अजय सेतिया / 21 अगस्त का अपना कालम देखें, अपन ने सवाल उठाया था कि अफगानिस्तान पर तालिबान का कब्जा हो जाने के बाद भी उस का प्रमुख हिबतुल्‍लाह अखुंदजादा कहीं दिखाई नहीं दे रहा | 2016 में अख्‍तर मंसूर के अमेरिकी ड्रोन हमले में मारे जाने के बाद पाकिस्तान में हुई तालिबानियों की एक मीटिंग में उन्हें प्रमुख चुना गया था | अपनी आशंका यह थी कि वह पाकिस्तान की जेल में हो सकता है | पर अब तालिबान ने खुद बताया है कि वह शुरू से ही कंधार में है और जल्द ही जनता के सामने आएगा | लेकिन तालिबान का यह दावा गलत भी हो सकता है की वह हमेशा से ही कंधार में था , क्योंकि उसे 2016 में पाकिस्तान में हुई मीटिंग में च